Wednesday, April 22, 2026
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पटना में कचरा फैलाने वालों की अब खैर नहीं: जियो टैगिंग और CCTV से होगी निगरानी, नियम तोड़ा तो सील होगी संपत्ति

पटना | 21 अप्रैल, 2026

​बिहार की राजधानी पटना को स्वच्छ और सुंदर बनाने के लिए पटना नगर निगम ने अब ‘डिजिटल स्ट्राइक’ की तैयारी कर ली है। शहर में कचरा गाड़ी जाने के बाद खुले में गंदगी फेंकने वाले असामाजिक तत्वों और दुकानदारों पर अब तीसरी आंख (CCTV) की नजर रहेगी। नगर आयुक्त श्री यशपाल मीणा ने मंगलवार को एक उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक में स्पष्ट कर दिया कि बार-बार नियम तोड़ने वालों के खिलाफ न केवल आर्थिक दंड लगाया जाएगा, बल्कि उनकी संपत्ति या प्रतिष्ठान को सील भी किया जाएगा।

कचरा प्वॉइंट्स की जियो टैगिंग और IoT निगरानी

​बैठक के दौरान यह बात सामने आई कि निगम द्वारा नियमित कचरा उठाव के बावजूद कुछ लोग जानबूझकर पुराने कचरा प्वॉइंट्स को दोबारा सक्रिय कर रहे हैं। इस समस्या के समाधान के लिए नगर आयुक्त ने निम्नलिखित कड़े निर्देश जारी किए हैं:

  • जियो टैगिंग: शहर के सभी चिह्नित कचरा प्वॉइंट्स की जियो टैगिंग की जाएगी।
  • स्मार्ट सर्विलांस: इन स्थानों पर IoT आधारित CCTV कैमरे लगाए जाएंगे, जिन्हें सीधे पटना नगर निगम मुख्यालय के कंट्रोल रूम और इंटीग्रेटेड कंट्रोल एंड कमांड सेंटर से जोड़ा जाएगा।
  • कड़ी कार्रवाई: नियमों का उल्लंघन करने वालों की पहचान कर उन पर भारी जुर्माना लगाया जाएगा। यदि कोई व्यक्ति या दुकानदार 3 से 4 बार गंदगी फैलाते हुए पकड़ा गया, तो उसकी दुकान या घर को सील करने की कार्रवाई की जाएगी।

अवैध मांस-मछली दुकानों पर बड़ा एक्शन

​नगर निगम ने शहर में अवैध रूप से संचालित मांस-मछली की दुकानों के खिलाफ भी मोर्चा खोल दिया है। नगर आयुक्त ने निर्देश दिया है कि जो दुकानें बिना वैध लाइसेंस के चल रही हैं या खुले में मांस बेच रही हैं, उन्हें तत्काल हटाया और सील किया जाए।

शहर की अंचलवार स्थिति:

आंकड़ों के अनुसार, पटना नगर निगम क्षेत्र में कुल 1,420 मांस-मछली की दुकानों की पहचान की गई है, जिनमें से 880 दुकानों को अवैध घोषित किया गया है। अंचलवार विवरण इस प्रकार है:

स्वच्छ सर्वेक्षण 2026 और अन्य तैयारियाँ

​बैठक में स्वच्छ सर्वेक्षण 2026 की तैयारियों के साथ-साथ मानसून से पूर्व नाला उड़ाही और निर्माणाधीन सड़क परियोजनाओं की भी समीक्षा की गई। नगर आयुक्त ने सभी सहायक लोक स्वच्छता पदाधिकारियों (APSWMO) को निर्देश दिया कि वे क्षेत्रों में सक्रिय रहकर अवैध अतिक्रमण और गंदगी पर लगाम लगाएं।

​बैठक में अपर नगर आयुक्त श्री राजन सिन्हा, श्री कृष्ण स्वरूप, उप नगर आयुक्त श्रीमती जया सहित सभी कार्यपालक पदाधिकारी और मुख्य सफाई निरीक्षक उपस्थित रहे।

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