पटना। आम जनता की समस्याओं के त्वरित, पारदर्शी और प्रभावी समाधान के लिए पटना जिला प्रशासन द्वारा शुरू की गई ‘सहयोग’ व्यवस्था (सहयोग पोर्टल एवं सहयोग शिविर) एक सशक्त माध्यम साबित हो रही है। इस व्यवस्था ने न केवल नागरिकों को अपनी शिकायतें आसानी से दर्ज कराने की सुविधा दी है, बल्कि विभागों द्वारा उनका समयबद्ध निपटारा भी सुनिश्चित किया है।
जिला प्रशासन से प्राप्त आंकड़ों के अनुसार, सहयोग पोर्टल पर विभिन्न विभागों से संबंधित अब तक कुल 33,665 आवेदन प्राप्त हुए हैं। इनमें से 32,272 आवेदनों का सफलतापूर्वक निष्पादन किया जा चुका है।
प्रशासन की सक्रियता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि जिले में 20 दिनों से अधिक अवधि का एक भी मामला लंबित नहीं है। वर्तमान में 7 से 10 दिनों के बीच केवल 232 मामले और 10 दिनों से अधिक समय के महज 41 मामले ही प्रक्रियाधीन हैं।
24 घंटे ऑनलाइन पोर्टल और टोल-फ्री नंबर 1100 की सुविधा
नागरिकों को सरकारी दफ्तरों के चक्कर लगाने से राहत देने के लिए पोर्टल पर 24 घंटे और सातों दिन (24×7) शिकायत दर्ज कराने की सुविधा उपलब्ध है। इसके अलावा, सहयोग प्रणाली से संबंधित जानकारी या सहायता के लिए कार्य अवधि के दौरान निःशुल्क टोल-फ्री नंबर 1100 पर संपर्क किया जा सकता है।
गांव-गांव पहुंच रहे ‘सहयोग शिविर’, मौके पर ही हो रहा निपटारा
ग्रामीण क्षेत्रों तक पहुंच बनाने के लिए हर महीने के पहले और तीसरे मंगलवार को पंचायतों में सहयोग शिविर आयोजित किए जा रहे हैं।
ऑन-द-स्पॉट समाधान: शिविरों में आने वाली अधिकतर शिकायतों का निपटारा अधिकारी मौके पर ही कर देते हैं।
डिजिटल ट्रैकिंग: जिन मामलों का तुरंत समाधान संभव नहीं होता, उन्हें सहयोग पोर्टल पर अपलोड कर संबंधित विभागों को भेजा जाता है, जिसकी कड़ी निगरानी की जाती है।
जिलाधिकारी कुंदन कुमार ने समीक्षा बैठक के दौरान अधिकारियों को सभी आवेदनों का समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण निष्पादन जारी रखने के सख्त निर्देश दिए हैं।
