NIA और SIT खंगाल रही हैं आतंकी साजिश
रांची: झारखंड की राजधानी रांची से एक बेहद सनसनीखेज और सुरक्षा व्यवस्था को चुनौती देने वाली खबर सामने आई है। रांची के निवारणपुर स्थित राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के प्रांत कार्यालय पर मंगलवार देर रात नकाबपोश अपराधियों ने पेट्रोल बम से हमला कर दिया। इस दुस्साहसिक घटना के बाद पूरे इलाके में तनाव और हड़कंप का माहौल है। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए पुलिस प्रशासन मुस्तैद हो गया है और केंद्रीय जांच एजेंसी (NIA) ने भी इस मामले में दखल देते हुए जांच शुरू कर दी है।
देर रात चेहरा ढककर आए थे हमलावर
प्राप्त जानकारी के अनुसार, मंगलवार देर रात करीब 12:30 बजे चेहरा ढककर आए दो अज्ञात अपराधियों ने आरएसएस कार्यालय को निशाना बनाते हुए दो पेट्रोल बम फेंके। इनमें से एक बम कार्यालय की ऊपरी मंजिल पर जोरदार धमाके के साथ फट गया, जबकि दूसरा बम कार्यालय परिसर के भीतर गिरा लेकिन वह फट नहीं सका। गनीमत यह रही कि इस हमले में किसी के हताहत होने की कोई सूचना नहीं है, लेकिन संघ कार्यालय जैसी जगह पर इस तरह का हमला एक बड़ी साजिश की ओर इशारा करता है।
दो आरोपी लोहरदगा से गिरफ्तार, कार जब्त
घटना के तुरंत बाद हरकत में आई रांची पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज खंगालना शुरू किया। तकनीकी सेल और क्विक रिस्पांस टीम (QRT) की मदद से पुलिस ने बुधवार को घटना में इस्तेमाल की गई एक चार पहिया वाहन (कार) को जब्त कर लिया। कार चालक से हुई पूछताछ में यह चौंकाने वाला खुलासा हुआ कि हमलावरों ने बकायदा कार बुक की थी और उसी से घटना को अंजाम देने पहुंचे थे।
इसके बाद रांची एसएसपी के निर्देश पर पुलिस टीम ने मुरी और लोहरदगा में छापेमारी की। बुधवार देर रात पुलिस को बड़ी कामयाबी हाथ लगी और लोहरदगा से दो मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया। हालांकि, सुरक्षा कारणों और शुरुआती जांच के चलते पुलिस ने अभी दोनों आरोपियों के नामों का खुलासा नहीं किया है।
यूएपीए (UAPA) समेत आतंकी धाराओं में केस दर्ज
इस गंभीर मामले को लेकर आरएसएस के प्रांत कार्यालय प्रमुख नरसिंह कुमार की शिकायत पर रांची के चुटिया थाने में प्राथमिकी (FIR) दर्ज की गई है। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने हमलावरों पर भारतीय न्याय संहिता (BNS) 2023 की धाराओं और विस्फोटक पदार्थ अधिनियम 1908 के साथ-साथ कड़े आतंकवाद विरोधी कानून यूएपीए (UAPA) की धारा 16 और 18 के तहत मुकदमा दर्ज किया है। UAPA की धाराएं लगना इस बात का साफ संकेत है कि पुलिस इसे केवल एक शरारत नहीं, बल्कि एक सोची-समझी आतंकी साजिश के दायरे में रखकर देख रही है।
NIA ने संभाला मोर्चा, SIT का गठन
घटना की सूचना मिलते ही रांची के एसएसपी राकेश रंजन, सिटी एसपी पारस राणा और सिटी डीएसपी केवी रमण समेत कई थानों की पुलिस फोर्स मौके पर पहुंची। पुलिस ने घटना स्थल से कांच की बोतल के टुकड़े और पलीता बरामद किया है।
मामले की गहराई से जांच के लिए रांची एसएसपी ने सिटी एसपी के नेतृत्व में एक विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया है, जिसमें कई डीएसपी और इंस्पेक्टर स्तर के अधिकारी शामिल हैं। वहीं, दूसरी ओर केंद्रीय जांच एजेंसी NIA (नेशनल इन्वेस्टिगेशन एजेंसी) की टीम ने भी तत्काल संघ कार्यालय पहुंचकर घटना स्थल का निरीक्षण किया। NIA की टीम ने वहां से भौतिक साक्ष्य और सीसीटीवी फुटेज जुटाए हैं। केंद्रीय एजेंसी यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि इस हमले के पीछे किन राष्ट्रविरोधी ताकतों या अंतरराष्ट्रीय/स्थानीय आतंकी नेटवर्क का हाथ है।
