पटना, 13 जुलाई 2026:
जन सुराज के सूत्रधार प्रशांत किशोर (पीके) ने सोमवार को बांकीपुर विधानसभा उपचुनाव के लिए अपना नामांकन पत्र दाखिल कर दिया है। नामांकन से पहले प्रशांत किशोर ने एक विशाल पदयात्रा के जरिए अपनी ताकत दिखाई। स्काउट एवं गाइड मैदान से शुरू हुई यह पदयात्रा कोतवाली थाना, डाकबंगला चौराहा, एसपी वर्मा रोड, जेपी गोलंबर और गांधी मैदान होते हुए पटना कलेक्ट्रेट (समाहरणालय) पहुंची। इस दौरान हजारों की संख्या में जन सुराज के कार्यकर्ता, समर्थक और स्थानीय नागरिक सड़क पर उतरे। पूरी यात्रा के दौरान “लड़ेंगे बांकीपुर, जीतेंगे बांकीपुर” के नारों से पूरा इलाका गूंजता रहा।
अपराधियों को कुर्सी छोड़ने का आह्वान: प्रशांत किशोर
नामांकन पत्र दाखिल करने के बाद कलेक्ट्रेट परिसर में मीडिया से बातचीत करते हुए प्रशांत किशोर ने इस चुनाव को बिहार की राजनीति का टर्निंग पॉइंट बताया। उन्होंने कहा:
”यह सिर्फ मेरा नामांकन नहीं है, बल्कि यह बिहार की बदलती हुई तस्वीर और राज्य के बेहतर भविष्य का नामांकन है। यह बिहार की सत्ता पर काबिज अपराधी प्रवृत्ति के लोगों को कुर्सी छोड़ने का खुला आह्वान है और आज से इसकी शुरुआत हो चुकी है।”
बीजेपी के अहंकार पर अंकुश लगाने का चुनाव
प्रशांत किशोर ने बांकीपुर को किसी खास दल का किला मानने से साफ इनकार कर दिया। उन्होंने कहा कि बांकीपुर किसी पार्टी या नेता का गढ़ नहीं है, बल्कि यह यहां की जनता का गढ़ है और जनता ही तय करेगी कि यह किसका रहेगा।
उन्होंने आगे कहा कि यह उपचुनाव केवल एक विधायक चुनने का जरिया नहीं है, बल्कि बिहार में नेतृत्व बदलने और भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के अहंकार पर अंकुश लगाने का चुनाव है। जनता इस बार चुने हुए प्रतिनिधियों को जवाबदेह बनाने के लिए वोट करेगी।
