पटना। बिहार शहरी आधारभूत संरचना विकास निगम (बुडको) ने राजधानी के भद्र घाट, महावीर घाट और नौजर घाट के कायाकल्प का कार्य सफलतापूर्वक पूरा कर लिया है। नमामि गंगे परियोजना के तहत बने ये तीनों घाट अब पूरी तरह पक्के और आधुनिक सुविधाओं से लैस हैं। जल्द ही इन्हें रखरखाव के लिए पटना नगर निगम को हैंडओवर कर दिया जाएगा।
पहले ये घाट कच्चे होने के कारण श्रद्धालुओं को, विशेषकर पर्व-त्योहारों के दौरान, काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ता था। बुडको के प्रबंध निदेशक श्री अनिमेष कुमार पराशर के निर्देशों के बाद इन घाटों पर गुणवत्तापूर्ण निर्माण, मजबूत बैरिकेडिंग और उच्च क्षमता वाली लाइटिंग सुनिश्चित की गई है ताकि श्रद्धालुओं को एक सुरक्षित और सुंदर वातावरण मिल सके।
भद्र घाट:
अजीमाबाद अंचल के भद्र घाट को एक भव्य रूप दिया गया है। यहाँ 100 मीटर × 40 मीटर क्षेत्र में पक्का निर्माण किया गया है।
प्रोमिनेड: टहलने और सौंदर्यीकरण के लिए 565 मीटर लंबा प्रोमिनेड बनाया गया है।
सुविधाएँ: महिलाओं और पुरुषों के लिए अलग-अलग चेंजिंग रूम, शौचालय और स्नानघर की व्यवस्था की गई है।
प्रकाश: रात के समय सुरक्षा और स्पष्टता के लिए हाई मास्ट लाइटें लगाई गई हैं।
छठ महापर्व को ध्यान में रखकर अतिरिक्त घाटों का निर्माण
महावीर घाट और नौजर घाट पर श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए अतिरिक्त पक्के घाट बनाए गए हैं:
महावीर घाट: यहाँ 30 मीटर × 20 मीटर आकार के 2 नए पक्के घाट तैयार किए गए हैं।
नौजर घाट: यहाँ भी इसी आकार (30 मीटर × 20 मीटर) के 2 अतिरिक्त घाट बनाए गए हैं।
इन सभी घाटों पर सफाई, सुरक्षा के लिए बैरिकेडिंग और पर्याप्त रोशनी का विशेष प्रबंध किया गया है, जिससे स्थानीय नागरिकों और पर्यटकों को काफी सुविधा होगी।
