पटना | 10 अप्रैल, 2026
पटना नगर निगम ने मानसून के दौरान शहरवासियों को जलजमाव और खराब सड़कों की समस्या से बचाने के लिए कमर कस ली है। शुक्रवार को नगर आयुक्त श्री यशपाल मीणा ने सड़क पुनर्स्थापन और निर्माण परियोजनाओं की गहन समीक्षा की। बैठक में स्पष्ट निर्देश दिया गया कि शहर की सभी निर्माणाधीन सड़कों का कार्य 30 मई तक हर हाल में पूरा कर लिया जाए।
समीक्षा के दौरान नगर आयुक्त ने विकास कार्यों की धीमी गति पर गहरा असंतोष व्यक्त किया। उन्होंने संबंधित संवेदकों (ठेकेदारों) को कड़ी फटकार लगाते हुए चेतावनी दी कि निर्धारित मानकों के साथ समय सीमा के भीतर काम पूरा होना चाहिए। बैठक में अभियंताओं ने बताया कि पिछले वर्ष आदर्श आचार संहिता के कारण खुदाई और निर्माण कार्य प्रभावित हुए थे, जिसे अब युद्धस्तर पर पूरा करने का आश्वासन संवेदकों ने दिया है।
किस प्रमंडल में कितनी योजनाएं?
शहर के अलग-अलग हिस्सों में सड़क निर्माण और पुनर्विकास का जाल बिछाया जा रहा है। वर्तमान आंकड़ों के अनुसार:
बांकीपुर प्रमंडल: 252 परियोजनाएं
पाटलिपुत्र प्रमंडल: 250 परियोजनाएं
कंकड़बाग प्रमंडल: 106 परियोजनाएं
नूतन राजधानी प्रमंडल: 96 परियोजनाएं
अजीमाबाद प्रमंडल: 92 परियोजनाएं
नगर निगम का मुख्य लक्ष्य मानसून आने से पहले उन सड़कों को दुरुस्त करना है जो विभिन्न विभागों द्वारा खुदाई के कारण क्षतिग्रस्त हुई हैं। सड़कों का समय पर निर्माण न केवल यातायात को सुगम बनाएगा, बल्कि वर्षा जल की सुचारु निकासी सुनिश्चित कर जलजमाव के खतरे को भी कम करेगा।
बैठक में अपर नगर आयुक्त श्री राजन सिन्हा, मुख्य नगर अभियंता श्री बिन्दू रजक और सभी कार्यपालक अभियंता मौजूद रहे। प्रशासन की इस सख्ती से उम्मीद है कि जून की शुरुआत तक पटना की मुख्य सड़कों और गलियों का कायाकल्प हो जाएगा।
