६१ दिवंगत पुलिसकर्मियों के आश्रितों को सौंपा ३७.५० करोड़ का बीमा चेक; सभी ४० पुलिस लाइनों में खुलेंगे बेहतरीन स्कूल
पटना, २१ मई २०२६
“बिहार में वर्ष २००५ से पुलिस के बल पर ही सुशासन स्थापित है। जब राज्य में कानून का राज रहेगा, तभी बड़े पैमाने पर उद्योग-धंधे लगेंगे और निवेशक आकर्षित होंगे। पुलिस सुशासन और शक्ति का प्रतीक है, इसलिए अपराधियों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा। अगर कोई पुलिस को चुनौती देगा, तो ४८ घंटे के भीतर उसे उसी की भाषा में करारा जवाब मिलेगा।” यह बेबाक ऐलान बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने आज पटना में किया।
मुख्यमंत्री नेहरू पथ स्थित बिहार पुलिस मुख्यालय (सरदार पटेल भवन) के ऑडिटोरियम में आयोजित बैंक ऑफ बड़ौदा बिहार पुलिस सैलरी पैकेज दिवंगत पुलिसकर्मी बीमा लाभ वितरण कार्यक्रम’ को मुख्य अतिथि के रूप में संबोधित कर रहे थे। इस भावुक और गरिमामयी समारोह में मुख्यमंत्री ने कर्तव्य बल पर रहते हुए जान गंवाने वाले ६१ दिवंगत पुलिसकर्मियों के परिजनों को कुल ३७ करोड़ ५० लाख रुपए की बीमा राशि का सांकेतिक चेक प्रदान किया।
पुलिसकर्मियों को चिंता की जरूरत नहीं, मिलेगी कैशलेस इलाज की सुविधा
परिजनों की हौसलाअफजाई करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि किसी के जीवन की भरपाई पैसे से नहीं हो सकती, लेकिन आश्रितों के सुरक्षित भविष्य के लिए यह राशि आवश्यक है। उन्होंने मंच से घोषणा की कि पुलिसकर्मियों के लिए ‘कैशलेस चिकित्सा’ की व्यवस्था सुनिश्चित की जा रही है। इससे जुड़ा जो भी प्रस्ताव आएगा, उसे कैबिनेट से तत्काल पास कराया जाएगा। उन्होंने आश्वस्त किया कि पुलिसकर्मियों को किसी भी तरह की चिंता करने की आवश्यकता नहीं है, सरकार हर कदम पर उनके साथ खड़ी है।
सभी ४० पुलिस लाइनों में खुलेंगे मॉडल स्कूल
मुख्यमंत्री ने शिक्षा के क्षेत्र में बड़ा कदम उठाते हुए पुलिस महानिदेशक को निर्देश दिया कि बिहार की सभी ४० पुलिस लाइनों में पुलिसकर्मियों के बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा देने के लिए शीघ्र ही बेहतरीन स्कूल खोले जाएं। इसके अलावा, राज्य के सभी ५३४ प्रखंडों में ‘सरस्वती विद्या निकेतन’ के रूप में ऐसे मॉडल स्कूल विकसित किए जा रहे हैं, जहां पढ़ाई का स्तर इतना ऊंचा होगा कि मंत्री और बड़े अधिकारी भी अपने बच्चों के दाखिले के लिए पैरवी करेंगे।
एनकाउंटर और जातिवाद की राजनीति पर कड़ा प्रहार
समारोह के दौरान विपक्ष और एनकाउंटर पर सवाल उठाने वालों को आड़े हाथों लेते हुए मुख्यमंत्री ने स्पष्ट कहा, “कुछ लोग अपराधियों के एनकाउंटर पर सवाल उठाते हैं और इसे जाति विशेष से जोड़ते हैं। पुलिस किसी अपराधी की जाति पूछकर गोली नहीं चलाती। हमारा एकमात्र लक्ष्य है कि अपराधी चाहे जो हो, बचना नहीं चाहिए।”
बिहार में महिला पुलिस की संख्या देश में सर्वाधिक
राज्य की उपलब्धियों की चर्चा करते हुए मुख्यमंत्री ने बताया कि वर्तमान में बिहार पुलिस में महिला पुलिसकर्मियों की संख्या ३०,००० से अधिक हो चुकी है, जो पूरे देश में सबसे ज्यादा (सर्वोच्च) है। उन्होंने राज्य के बढ़ते बजट का जिक्र करते हुए कहा कि वित्त मंत्री श्री बिजेन्द्र प्रसाद यादव ने इस बार ३,४७,००० करोड़ रुपए का बजट पेश किया है। सरकार का लक्ष्य है कि २० नवंबर २०२६ तक बिहार में ५ लाख करोड़ रुपए का औद्योगिक निवेश धरातल पर उतारा जाए, जिसके लिए सुशासन की नींव को और मजबूत करना होगा।
बैंक ऑफ बड़ौदा को ‘सीडी रेशियो’ १००% करने का लक्ष्य
मुख्यमंत्री ने बैंक ऑफ बड़ौदा को इस बेहतरीन बीमा पैकेज के लिए धन्यवाद दिया। साथ ही उन्होंने बैंक के क्रेडिट-डिपॉजिट (CD) रेशियो के २८% से बढ़कर ५९% होने पर सराहना की, लेकिन साथ ही निर्देश दिया कि इसे १००% तक लेकर जाएं। बिहार के लोगों का पैसा बिहार के विकास और यहीं के लोगों को लोन देने में इस्तेमाल होना चाहिए।
समारोह में ये दिग्गज रहे मौजूद
कार्यक्रम की शुरुआत में अपर पुलिस महानिदेशक (बजट, अपील एवं कल्याण) श्री संजय सिंह ने मुख्यमंत्री को प्रतीक चिह्न और बैंक ऑफ बड़ौदा के महाप्रबंधक श्री सुब्रत कुमार स्वाई ने पौध गुच्छ भेंटकर उनका स्वागत किया।
समारोह को गृह विभाग के अपर मुख्य सचिव अरविंद कुमार चौधरी, पुलिस महानिदेशक (DGP) विनय कुमार ने भी संबोधित किया। इस मौके पर मुख्यमंत्री के सचिव लोकेश कुमार सिंह, महानिदेशक (निगरानी) जितेंद्र सिंह गंगवार, महानिदेशक (बिहार विशेष सशस्त्र पुलिस) जितेंद्र कुमार, महानिदेशक (अभियान) कुंदन कृष्णन सहित कई वरिष्ठ पुलिस अधिकारी और दिवंगत पुलिसकर्मियों के भावुक परिजन उपस्थित थे।
