Friday, July 17, 2026
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बिहार राजस्व विभाग: 15 अगस्त तक हर हाल में पूरा करें काम, लापरवाही पर तय होगी जवाबदेही – सचिव जय सिंह

पटना, 17 जुलाई 2026

बिहार में भूमि व्यवस्था को पूरी तरह पारदर्शी, व्यवस्थित और विवादमुक्त बनाने के लिए चल रहे ‘विशेष सर्वेक्षण एवं बंदोबस्त कार्यक्रम’ को लेकर सरकार बेहद सख्त रुख अपना रही है। राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग के सचिव श्री जय सिंह ने स्पष्ट निर्देश दिया है कि 15 अगस्त तक निर्धारित लक्ष्य के अनुरूप भूमि सर्वेक्षण का कार्य हर हाल में पूरा किया जाए। उन्होंने दोटूक शब्दों में कहा कि इस महत्वपूर्ण अभियान में किसी भी स्तर पर शिथिलता, लापरवाही या अनावश्यक देरी को कतई बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

​सचिव ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से की 5 जिलों की मैराथन समीक्षा

​सचिव श्री जय सिंह की अध्यक्षता में शुक्रवार को एक उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई। वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से आयोजित इस बैठक में राज्य के पांच प्रमुख जिलों— अरवल, जहानाबाद, शेखपुरा, लखीसराय और शिवहर में चल रहे विशेष सर्वेक्षण एवं बंदोबस्त कार्यों की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की गई। बैठक में भू-अभिलेख एवं परिमाप निदेशालय के निदेशक श्री सुहर्ष भगत और विशेष कार्य पदाधिकारी श्री अनुपम प्रकाश सहित विभाग के कई अन्य वरीय अधिकारी उपस्थित थे।

​31 जुलाई तक सभी लंबित कार्य निपटाने का अल्टीमेटम

​समीक्षा के दौरान सचिव ने संबंधित जिलों के बंदोबस्त अधिकारियों (Settlement Officers) को कड़ा अल्टीमेटम दिया। उन्होंने निर्देश दिया कि:

31 जुलाई की डेडलाइन: सर्वेक्षण कार्य से जुड़े जितने भी लंबित चरण और आवश्यक प्रक्रियाएं हैं, उन्हें 31 जुलाई तक हर हाल में पूरा कर लिया जाए।

15 अगस्त का लक्ष्य: जुलाई के भीतर लंबित काम पूरे होने से 15 अगस्त तक भूमि सर्वेक्षण कार्य के समापन का अंतिम लक्ष्य समयबद्ध ढंग से हासिल किया जा सकेगा।

मिशन मोड में काम करने और डेली मॉनिटरिंग के निर्देश

​सचिव ने अधिकारियों को चेतावनी देते हुए कहा कि निर्धारित समय-सीमा का उल्लंघन करने वाले या कार्य में कोताही बरतने वाले अधिकारियों की सीधे जवाबदेही (Accountability) तय की जाएगी और उन पर कार्रवाई होगी। उन्होंने सुचारू काम के लिए निम्नलिखित दिशा-निर्देश दिए:

​सभी संबंधित जिलों में हो रहे कार्यों की प्रतिदिन (Daily) निगरानी की जाए।

​फील्ड स्तर (जमीनी स्तर) पर आने वाली तकनीकी या प्रशासनिक समस्याओं का तत्काल समाधान निकाला जाए।

​किसी भी परिस्थिति में या किसी भी वजह से सर्वेक्षण कार्य की रफ्तार धीमी नहीं पड़नी चाहिए।

​”बिहार विशेष सर्वेक्षण एवं बंदोबस्त कार्यक्रम राज्य की भूमि व्यवस्था को पूरी तरह से पारदर्शी और विवादमुक्त बनाने की दिशा में एक अत्यंत महत्वपूर्ण अभियान है। सभी अधिकारी ‘मिशन मोड’ में काम करते हुए इस समय-सीमा के भीतर लक्ष्य हासिल करना सुनिश्चित करें।” — श्री जय सिंह, सचिव, राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग

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