Wednesday, September 23, 2026
Homeबिजनेसबिहार में उद्योग लगाना अब और आसान, सिंगल विंडो क्लीयरेंस का नया...

बिहार में उद्योग लगाना अब और आसान, सिंगल विंडो क्लीयरेंस का नया पोर्टल लॉन्च

बिहार में उद्योग लगाना अब और आसान, सिंगल विंडो क्लीयरेंस का नया पोर्टल लॉन्च

पटना, 23 सितंबर। बिहार में निवेश और उद्योगों को बढ़ावा देने के लिए उद्योग विभाग ने एक बड़ा कदम उठाया है। विभाग ने आज अपने रिवैम्प्ड सिंगल विंडो क्लीयरेंस पोर्टल को लॉन्च कर दिया। नए सिस्टम के शुरू होने से अब 9 विभागों की 62 सेवाएं एक ही डिजिटल प्लेटफॉर्म पर निवेशकों को मिलेंगी।

मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के नेतृत्व और उद्योग मंत्री श्रेयसी सिंह के मार्गदर्शन में तैयार किए गए इस पोर्टल को उद्योग विभाग के सचिव कुंदन कुमार ने लॉन्च किया।

लॉन्चिंग के मौके पर बिहार राज्य उद्यमी एवं व्यवसायी आयोग के अध्यक्ष सुरेश रूंगटा, उपाध्यक्ष अरविंद निराला, उद्योग निदेशक मुकुल कुमार गुप्ता, निदेशक फूड प्रोसेसिंग प्रद्युम्न सिंह यादव और संयुक्त सचिव खंडेकर श्रीकांत कुंडलिक मौजूद रहे। इसके अलावा CII बिहार चैप्टर, बिहार इंडस्ट्रीज एसोसिएशन, बिहार चैंबर ऑफ कॉमर्स, DICCI, इंडियन चैंबर ऑफ कॉमर्स और लघु उद्योग भारती के प्रतिनिधि भी उपस्थित थे।

PM मोदी के नेतृत्व में बिहार की महिलाएं बन रही आत्मनिर्भर, जीविका दीदियों ने खड़ा किया 1.36 लाख करोड़ का बाजार : CM सम्राट चौधरी

क्या होगा फायदा?

अब निवेशकों को अलग-अलग विभागों के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे। नए पोर्टल पर वे अपने प्रोजेक्ट के लिए जरूरी मंजूरियों की पहचान, लाइसेंस के लिए आवेदन और पहले से मिले लाइसेंस को अपलोड करने का काम एक ही जगह कर सकेंगे। साथ ही अपने आवेदन का स्टेटस भी ऑनलाइन ट्रैक कर पाएंगे।

इसके लिए पोर्टल पर ‘Know Your Approval’ (KYA) मॉड्यूल को भी अपग्रेड किया गया है। निवेशक अपने प्रोजेक्ट के चरण – जैसे काम शुरू करने से पहले (Pre-Establishment) या प्रोडक्शन शुरू करने से पहले (Pre-Operation) – के हिसाब से जरूरी मंजूरियों की लिस्ट देख सकते हैं और वहीं से सीधे आवेदन कर सकते हैं।

फिलहाल इस प्लेटफॉर्म पर बिहार राज्य प्रदूषण नियंत्रण पर्षद, मद्यनिषेध, उत्पाद एवं निबंधन, विधिक माप विज्ञान, जल संसाधन, अग्निशमन, ऊर्जा (DISCOM), पर्यावरण एवं वन, पथ निर्माण और राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग की सेवाओं को जोड़ा गया है।

निवेशकों की सुविधा के लिए आवेदन से पहले की मदद को भी मजबूत किया गया है। ‘Register Your Intent’, ‘Strategic Partnership’ और ‘Investor Facilitation’ जैसी सुविधाओं से निवेशक औपचारिक आवेदन से पहले ही संबंधित जिले और विभाग के अधिकारियों से संपर्क कर सकेंगे और अपॉइंटमेंट ले सकेंगे।

जमाबंदी सुधार में आवेदन का बहाना नहीं चलेगा, अभिलेख से खुद करें सुधार : सचिव

इस अवसर पर सचिव कुंदन कुमार ने कहा कि रिवैम्प्ड सिंगल विंडो से मंजूरी प्रक्रिया में पारदर्शिता बढ़ेगी। निवेशक एक ही प्लेटफॉर्म पर अपनी सभी जरूरतों और आवेदनों की प्रगति को देख सकेंगे।

वहीं उद्योग निदेशक मुकुल कुमार गुप्ता ने कहा कि यह बिहार के Ease of Doing Business इकोसिस्टम को मजबूत करने की दिशा में अहम कदम है। हमारा मकसद निवेशकों की डिजिटल यात्रा को सहज बनाना और बेवजह की जटिलताओं को खत्म करना है।

यह भी पढ़े

अन्य खबरे