पटना: बिहार के बाढ़ प्रभावित इलाकों में जारी राहत और बचाव कार्यों के बीच अब राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। हाल ही में बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का हेलीकॉप्टर से किए गए निरीक्षण (हवाई सर्वेक्षण) को लेकर जनशक्ति जनता दल के प्रमुख तेज प्रताप यादव ने राज्य सरकार और मुख्यमंत्री पर तीखा हमला बोला है। अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर जारी बयान में उन्होंने इस दौरे को जमीनी हकीकत से दूर करार दिया है।
‘पुष्पक विमान’ से तुलना कर कसा तंज
अपने बयान में तेज प्रताप यादव ने हवाई दौरे की तुलना पौराणिक आख्यानों में वर्णित रावण के ‘पुष्पक विमान’ से की। उन्होंने कहा कि जिस तरह हवा में उड़कर बाढ़ की विभीषिका का आकलन किया जा रहा है, उससे आपदा पीड़ितों का भला होने वाला नहीं है। उन्होंने कटाक्ष करते हुए कहा कि हवाई सफर से बिहार विकास की ऊंचाइयों पर नहीं जाएगा, बल्कि धरातल पर ही गिरेगा।
नाव पर बैठकर खुद राशन बांटने की सलाह
तेज प्रताप यादव ने मुख्यमंत्री को सलाह दी कि वे हवाई निरीक्षण छोड़कर सीधे जमीन पर उतरें। उन्होंने मांग की कि प्रशासनिक अधिकारियों और नेताओं को नाव पर बैठकर बाढ़ प्रभावित गरीब-गुरबा के बीच जाना चाहिए, उनका हाल-चाल लेना चाहिए और अपने हाथों से राशन तथा राहत सामग्री का वितरण करना चाहिए।
राहत अभियानों की प्रभावशीलता पर सवाल
सोशल मीडिया पोस्ट के माध्यम से उन्होंने सवाल उठाया कि क्या बाढ़ राहत अभियान केवल आसमान से देखने तक सीमित रहेगा या फिर प्रशासन वाकई धरातल पर उतरकर प्रभावित परिवारों की मदद करेगा। उन्होंने मांग की कि राहत शिविरों, खाद्य सामग्री और स्वास्थ्य सुविधाओं की समीक्षा मौके पर पहुंचकर की जानी चाहिए।
