पटना, 21 फरवरी 2026: मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने शनिवार की सुबह बिहारवासियों के लिए एक बड़ी सौगात की घोषणा की है। ‘सात निश्चय-3’ (2025-30) के विजन को आगे बढ़ाते हुए मुख्यमंत्री ने सड़कों पर पैदल चलने वाले नागरिकों के लिए ‘सम्मान और सुविधा’ (Dignity of Pedestrians) सुनिश्चित करने का निर्णय लिया है। सीएम ने सोशल मीडिया के माध्यम से जानकारी दी कि राज्य के सातवें निश्चय ‘सबका सम्मान-जीवन आसान’ (Ease of Living) के तहत अब पैदल यात्रियों के अधिकारों को प्राथमिकता दी जाएगी।
“सड़क पर सुरक्षित चलना पैदल यात्रियों का पहला अधिकार“
मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि बिहार जिस तेजी से प्रगति कर रहा है, सड़कों पर वाहनों की संख्या बढ़ी है, जिससे पैदल यात्रियों को असुविधा होती है। उन्होंने कहा, “सड़क पर सुरक्षित एवं सम्मानपूर्वक चलना पैदल चलने वाले लोगों का पहला अधिकार है।” इसी उद्देश्य से परिवहन विभाग को पांच सूत्रीय कड़े निर्देश जारी किए गए हैं।
सीएम नीतीश के 5 बड़े फैसले: एक नज़र में

सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाने की कवायद
राज्य के ग्रामीण और शहरी इलाकों में जहां सड़क दुर्घटनाओं की संभावना अधिक रहती है (Black Spots), वहां अब विशेष निगरानी रखी जाएगी। सीसीटीवी कैमरों के जरिए दुर्घटनाओं के कारणों का आकलन किया जाएगा ताकि भविष्य में जान-माल के नुकसान को न्यूनतम स्तर पर लाया जा सके।
नई सरकार, नया संकल्प
20 नवंबर 2025 को नई सरकार के गठन के बाद ‘सात निश्चय-3’ को लागू किया गया है। मुख्यमंत्री की इस पहल का उद्देश्य केवल इंफ्रास्ट्रक्चर खड़ा करना नहीं, बल्कि आम आदमी के दैनिक जीवन को सुगम और सुरक्षित बनाना है। परिवहन विभाग अब युद्ध स्तर पर उन स्थानों को चिह्नित करने में जुट गया है जहां तुरंत फुटपाथ और ओवरब्रिज की आवश्यकता है।
